जगला में राहुल की चौपाल बोले- आदिवासियों को उनका हक नहीं मिल रहा एक साल से अधूरा सामुदायिक शौचालय—आज भी तालाब किनारे जाने मजबूर स्कूली बच्चे बीमारी से पीडि़त एक और आदिवासी बच्ची की मौत लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी गुरुवार को बिरसा विकासखंड के ग्राम जगला पहुंचे। उन्होंने बीमारी से जान गंवाने वाले बैगा आदिवासी बच्चों के परिजनों से करीब एक घंटे तक मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं। इस दौरान आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में आदिवासी ग्रामीण भी जगला पहुंचे। राहुल गांधी ने कहा कि आदिवासी देश के पहले मालिक हैं और उन्हें उनके अधिकार मिलने चाहिए लेकिन मध्यप्रदेश में ऐसा नहीं हो रहा है। स्वास्थ्य सुविधाओं की स्थिति को लेकर उन्होंने सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा कि बच्चों की मौत के मामले में सरकार की व्यवस्था पूरी तरह विफल रही है। उन्होंने कहा कि वे आदिवासी बच्चों की मौत और क्षेत्र की समस्याओं का मुद्दा लोकसभा में उठाएंगे। ? राहुल गांधी ने कहा कि आदिवासी क्षेत्रों में स्वास्थ्य शिक्षा और रोजगार से जुड़ी मूलभूत सुविधाएं पर्याप्त रूप से नहीं पहुंच रही हैं। उन्होंने मनरेगा के काम वन अधिकार कानून के क्रियान्वयन और आदिवासियों को जमीन के पट्टे मिलने का मुद्दा भी उठाया। उनका कहना था कि बच्चों की मौत के बाद प्रभावित परिवारों को पूरा मुआवजा भी नहीं मिला है। ग्राम पंचायत सकरी में पंचायत के कामकाज और शासकीय राशि के उपयोग को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। ग्रामीणों ने सरपंच सोनेलाल मसराम और प्रभारी सचिव अनिता पारधी पर मनमानी के आरोप लगाए हैं। मामला केवल कागजों में काम पूरा दिखाने तक सीमित नहीं है बल्कि ग्राम रक्षक के नाम कथित फर्जी हाजिरी और उसके खाते से राशि निकलवाए जाने की शिकायत तक पहुंच गया है। ग्राम रक्षक के अनुसार करीब तीन माह पहले प्रभारी सचिव उसके घर पहुंचीं और आधार कार्ड लेकर गईं। शिकायतकर्ता का आरोप है कि इसके बाद उसके नाम पर ऐसी हाजिरी दर्ज की गई जिसमें उसने वास्तविक रूप से काम नहीं किया था। जिले के बैहर क्षेत्र में आदिवासी बच्चों की मौत का मामला थमने का नाम नहीं ले रहा हैं। उकवा क्षेत्र के ग्राम सुंदरवाही निवासी एक ११ वर्षीय आदिवासी बच्ची की जिला अस्पताल में ३० सितम्बर की रात मौत हो गई। जिसे मलेरिया सहित अन्य बीमारियां भी थी। बताया गया कि मृतिका सुषमा पिता दीवान सिंह मर्सकोले ११ वर्ष निवासी सुंदरवाही को बीमार होने पर ईलाज के लिए परिजनों ने जिला अस्पताल में भर्ती किया था। जहां उपचार के दौरान बच्ची ने दम तोड़ दी है