नायरा ने पेट्रोल ₹5 और डीजल ₹3 प्रति लीटर किया सस्ता देश की प्रमुख निजी ईंधन रिटेलर कंपनी नायरा एनर्जी ने पेट्रोल की कीमत में ₹5 प्रति लीटर और डीजल में ₹3 प्रति लीटर की कटौती की है। इसके बाद भोपाल में पेट्रोल की कीमत घटकर ₹119.79 प्रति लीटर और डीजल ₹102.57 प्रति लीटर हो गया है। कंपनी के देशभर में 7000 से अधिक पेट्रोल पंप हैं और फ्यूल रिटेल मार्केट में उसकी करीब 7% हिस्सेदारी है। हालांकि अलग-अलग राज्यों में टैक्स की दरें अलग होने के कारण कीमतों में थोड़ा अंतर हो सकता है। कच्चे तेल की कीमतों में आई गिरावट को इस राहत की मुख्य वजह माना जा रहा है। शेयर बाजार में जोरदार तेजी सेंसेक्स 500 अंक उछला जुलाई महीने के पहले कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार में शानदार तेजी देखने को मिली। सेंसेक्स करीब 500 अंक की बढ़त के साथ 77000 के स्तर पर कारोबार करता नजर आया जबकि निफ्टी लगभग 150 अंक चढ़कर 24000 के पार पहुंच गया। बाजार में सबसे ज्यादा खरीदारी ऑटो और मीडिया सेक्टर के शेयरों में देखने को मिली जिससे निवेशकों का भरोसा मजबूत हुआ। पहली छमाही में सोना-चांदी और शेयर बाजार पर दबाव साल 2026 की पहली छह महीनों की अवधि निवेशकों के लिए उतार-चढ़ाव भरी रही। जनवरी के रिकॉर्ड स्तर से सोने की कीमतों में करीब 20% और चांदी में 43% तक की गिरावट दर्ज की गई। वहीं सेंसेक्स में 11% और निफ्टी में 8.6% की कमजोरी देखने को मिली। मजबूत अमेरिकी डॉलर फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों में कटौती के संकेत न मिलने और अमेरिका-ईरान तनाव के कारण वैश्विक बाजारों में दबाव बना रहा। पेट्रोकेमिकल्स आयात पर जीरो कस्टम ड्यूटी 15 जुलाई तक बढ़ी सरकार ने लगभग 40 जरूरी पेट्रोकेमिकल उत्पादों के आयात पर लागू जीरो कस्टम ड्यूटी की अवधि बढ़ाकर 15 जुलाई 2026 तक कर दी है। पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष और ईरान से जुड़े तनाव के कारण वैश्विक सप्लाई चेन प्रभावित होने के बीच घरेलू उद्योगों को राहत देने के उद्देश्य से यह फैसला लिया गया है। यह अस्थायी छूट पहली बार 2 अप्रैल से लागू की गई थी जिसे अब आगे बढ़ा दिया गया है। स्मॉल सेविंग्स स्कीम्स की ब्याज दरें यथावत PPF और सुकन्या पर नहीं बदला रिटर्न सरकार ने जुलाई-सितंबर तिमाही के लिए पब्लिक प्रोविडेंट फंड (PPF) सुकन्या समृद्धि योजना (SSY) पोस्ट ऑफिस एफडी सहित सभी स्मॉल सेविंग्स स्कीम्स की ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया है। सुकन्या समृद्धि योजना पर 8.2% और पीपीएफ पर 7.1% वार्षिक ब्याज पहले की तरह मिलता रहेगा। लगातार 10वीं तिमाही है जब सरकार ने इन योजनाओं की ब्याज दरों को स्थिर रखा है। आखिरी बार दिसंबर 2023 में ब्याज दरों में बढ़ोतरी की गई थी।