पहली खबर – शेयर बाजार का हाल शेयर बाजार में आज भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिला। सुबह निचले स्तर से करीब 700 अंकों की रिकवरी के बावजूद सेंसेक्स ऊपरी स्तरों पर टिक नहीं सका और दोबारा लाल निशान में आ गया। फिलहाल सेंसेक्स करीब 250 अंकों की गिरावट के साथ 81300 के नीचे कारोबार कर रहा है जबकि निफ्टी 70 अंकों से ज्यादा फिसलकर 25000 के नीचे 24980 के आसपास पहुंच गया है। ऑटो और मीडिया शेयरों में बिकवाली का दबाव रहा वहीं मेटल शेयरों में खरीदारी देखने को मिली और निफ्टी मेटल इंडेक्स करीब 1.50% ऊपर रहा। दूसरी खबर – सरकारी बैंकों की हड़ताल देशभर में आज सभी सरकारी बैंकों के कर्मचारी हड़ताल पर हैं। यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस ने 5-डे वर्किंग की मांग को लेकर इस हड़ताल का ऐलान किया है। हड़ताल के चलते कैश ट्रांजैक्शन और चेक क्लियरेंस जैसे काम प्रभावित रहेंगे। चौथे शनिवार रविवार और गणतंत्र दिवस की छुट्टी के बाद यह लगातार चौथा दिन है जब सरकारी बैंकों का कामकाज प्रभावित होगा। हालांकि प्राइवेट बैंकों में कामकाज सामान्य रूप से जारी रहेगा। तीसरी खबर – IPO मार्केट अपडेट शेयर बाजार में इस हफ्ते प्राइमरी मार्केट काफी व्यस्त रहने वाला है। SME सेगमेंट में 5 नए IPO खुलने जा रहे हैं जिनके जरिए कुल 226 करोड़ रुपए से ज्यादा जुटाए जाएंगे। इसके साथ ही 5 कंपनियों की लिस्टिंग भी होगी जिनमें मेनबोर्ड से शैडोफैक्स टेक्नोलॉजीज की 28 जनवरी को लिस्टिंग प्रस्तावित है। हालांकि ग्रे मार्केट में शैडोफैक्स को फिलहाल कोई प्रीमियम नहीं मिल रहा लेकिन बाजार विशेषज्ञों को लिक्विडिटी और निवेशकों के उत्साह के चलते इन इश्यूज को अच्छा रिस्पॉन्स मिलने की उम्मीद है। चौथी खबर – आधार में बड़ा तकनीकी बदलाव सरकार आधार के तकनीकी ढांचे में बड़े बदलाव की तैयारी कर रही है। ‘आधार विजन 2032’ दस्तावेज के तहत फिंगरप्रिंट की जगह चेहरे से पहचान यानी फेशियल रिकग्निशन को प्राथमिक माध्यम बनाने की योजना है। इसमें एआई क्लाउड कंप्यूटिंग ब्लॉकचेन और क्वांटम कंप्यूटिंग जैसी आधुनिक तकनीकों को अपनाने की सिफारिश की गई है। लक्ष्य हर महीने 100 करोड़ ऑथेंटिकेशन का है ताकि आधार को और तेज सुरक्षित और फ्रॉड-फ्री बनाया जा सके। पांचवीं खबर – लग्ज़री कारें हो सकती हैं सस्ती भारत में मर्सिडीज और BMW जैसी यूरोप से इम्पोर्टेड लग्ज़री कारें जल्द सस्ती हो सकती हैं। रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक इन कारों पर लगने वाला इम्पोर्ट टैरिफ 110% से घटाकर 40% तक किया जा सकता है। यह फैसला भारत और यूरोपीय संघ के बीच होने वाले फ्री ट्रेड एग्रीमेंट का हिस्सा है जिसका ऐलान भारत-EU समिट में किया जा सकता है। सूत्रों के अनुसार 15 हजार यूरो से ज्यादा कीमत वाली कुछ कारों पर तुरंत टैक्स घटाने पर सहमति बन गई है।