मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव गुरुवार सुबह उज्जैन में शिप्रा के दत्त अखाड़ा घाट पहुंच गए। उन्होंने नदी में डुबकी लगाई तैराकी भी की। आचमन के बाद सीएम ने कहा कि उज्जैन की पहचान मां क्षिप्रा से है। हमारी परंपरा है स्नान के बाद तीर्थ की महत्ता बढ़ाएं लेकिन बड़ा दुख होता है कि कुछ लोग मां शिप्रा पर प्रश्न करते हैं। गौरतलब है कि 22 अप्रैल की शाम 6.30 बजे रामघाट क्षेत्र सिंह द्वार के पास पीएचई की 750 एमएम की मेन राइजिंग पाइपलाइन (गंभीर वाली) लीकेज हो गई थी। तेजी से बहे पानी से 1600 एमएम की सीवरेज पाइपलाइन के चैंबर ओवरफ्लो हो गए। दूसरे दिन 23 अप्रैल को भी शिप्रा में लगातार गंदा पानी मिलता रहा। ऐसे में तराना से कांग्रेस विधायक महेश परमार ने नदी में मिल रहे गंदे पानी के बीच डुबकी लगाकर और आचमन कर विरोध दर्ज कराया था ।