हरिद्धार में जांच में तीसरा बच्चा मिलने पर जिलाधिकारी ने ग्राम प्रधान को हटाने के आदेश दे दिए हैं। मामला बहादराबाद क्षेत्र की ग्राम पंचायत नगला खुर्द का है। ग्राम पंचायत के एक यूवक ने इस मामले में ग्राम प्रधान रेशमा के खिलाफ जांच की मांग की थी। डीएम ने तहसीलदार हरिद्वार व खंड विकास अधिकारी बहादराबाद से जांच कराई थी। जांच रिपोर्ट के आधार पर उप जिलाधिकारी हरिद्वार ने ग्राम प्रधान को अयोग्य घोषित कर दिया था। प्रधान ने इसे आदेश विरुद्ध मुख्य विकास अधिकारी से अपील की थी। जिस पर फिर जांच हुई। जिला कार्यक्रम अधिकारी बाल विकास की जांच के बाद ग्राम प्रधान को एक हफ्ते में कारण बताओ नोटिस दिया गया पर जवाब नहीं मिला। अब डीएम की ओर से ग्राम प्रधान को पद से हटाने के आदेश दिए गए हैं। उत्तराखंड कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज से केदारनाथ सोना प्रकरण की जांच को लेकर सवाल किया। उन्होंने इस पूरे प्रकरण में मंदिर समिति और दानदाता की आपसी मिलीभगत का भी आरोप लगाया। दानादाता को ही पूरे मामले में असल लाभार्थी बताते हुए जांच लटकाने पर भी उन्होंने सवाल उठाए है। गणेश गोदियाल ने कहा कि एक साल से जांच चल रही है लेकिन उसकी रिपोर्ट कहां उस पर कोई कुछ बताने को तैयार नहीं है। कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने मसूरी के विभिन्न क्षेत्रों में अतिवृष्टि के कारण हुए नुकसान का निरीक्षण किया है। इस दौरान उन्होंने पिक्चर पैलेस बस स्टैंड के पास पुश्ता ढहने और क्षतिग्रस्त लंढौर बाजार को जाने वाले मुख्य मार्ग का भी निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होने उपस्थित अधिकारियों को जल्द कार्यों को पूरा करने के निर्देश दिये साथ ही पुस्ता गिरने से हुई क्षति की पूर्ति के लिए संबंधित व्यक्ति को मुआवजा उपलब्ध कराने को भी कहा है। पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत का एक बयान सामने आया जिसने उन्होंने कहा की विजय बहुगुणा और उनके साथी अगर उनकी सरकार ना गिराते तो गैरसैण अब तक राज्य की पूर्णकालिक राजधानी घोषित हो चुकी होती। इसके बाद कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने उन्हें उनकी उम्र का तगाजा देते हुए कहा कि हरीश रावत का मानसिक संतुलन ठीक नहीं है वहीं हरीश रावत के इस बयान के बाद कभी उनके करीबी रहे और वर्तमान में भाजपा कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने गंभीर कटाक्ष किया है । उन्होंने कहा है की हरीश रावत को अब राजनीति से संन्यास लेकर वानप्रस्थ की ओर चला जाना चाहिए ।उन्होंने कहा की उम्र के लिहाज से उनके दिमाग पर भी अब असर होने लगा है और वह अब उल्लू जुनून बातें करने लगे है । उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी में बांग्लादेश में अराजकता पर सरकार को विफल कर दिया है। उन्होंने कहा कि समय रहकर इस तरह की गतिविधियों को रोका जा सकता था लेकिन यह सरकार की कमी थी जिसकी वजह से ऐसी दुखद घटनाएं देखने को मिल रही हैं। आपको बता दें कि बांग्लादेश में अराजकता का माहौल है और वहां की सरकार सब कुछ सामान्य करने में जुटी है लेकिन इतनी सफलता अभी तक नहीं मिल पाई। मानसून की बरसात के बाद डेंगू के मामले बढ़ सकते हैं जिसे देखते हुए स्वास्थ्य विभाग सतर्क हो गया है। राजधानी देहरादून में नगर निगम ने वॉलिंटियर्स के साथ मिलकर डेंगू रोकथाम की तैयारियां शुरू कर दी हैं। स्वास्थ्य सचिव राजेश कुमार ने बताया है कि अभी तक प्रदेशभर में डेंगू के 12 मामले देखने को मिले हैं। जिसमें 10 मरीज स्वस्थ हो चुके हैं। पिछले कई सालों के मुताबिक इस बार अभी तक डेंगू के मामले काफी कम आए हैं