1 कार्यवाहक मुख्यमंत्री कमलनाथ अब 24 को भोपाल लौटेंगे, पहले उनका सोमवार को भोपाल लौटने का कार्यक्रम था। अब नए कार्यक्रम के हिसाब से नाथ 24 को शाम या 25 को सुबह भोपाल लौट रहे हैं। दिल्ली में कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष कमलनाथ में वरिष्ठ नेताओं के साथ मध्यप्रदेश के राजनीतिक हालातों पर चर्चा की। 2 मध्यप्रदेश कांग्रेस 26 मार्च को होने वाले राज्यसभा चुनाव की तैयारियों में जुट गई है, कोई विधायक क्रॉस वोटिंग न कर जाए, इसलिए 25 मार्च को मॉकपोल के जरिए यह सुनिश्चित कर लिया जाएगा कि सभी विधायक एकजुट हैं। प्रदेश से कांग्रेस की सरकार जाने के बाद अब पार्टी के वरिष्ठ नेता विधायकों को टटोल रहे हैं। हालांकि मुख्य सचेतक डॉ. गोविंद सिंह पहले ही सभी 92 विधायकों को पार्टी के उम्मीदवारों पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह और फूल सिंह बरैया के पक्ष में वोट कराए जाने के लिए तीन लाइन की व्हिप जारी कर चुके हैं। वरिष्ठ विधायक सज्जन सिंह वर्मा का कहना है कि राज्यसभा चुनाव की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। 3 मध्यप्रदेश में उथल-पुथल के बाद अब नवरात्र की घट पूजा के दिन यानी 25 मार्च को मप्र को नया मुख्यमंत्री मिल जाएगा। भाजपा विधायक दल की बैठक 23 मार्च को बुलाई गई है। इसमें विधायक दल का नेता तय हो जाएगा। अगले दिन पार्टी सरकार बनाने का दावा पेश करेगी और इसके अगले दिन नए मुख्यमंत्री और उनके मंत्रिमंडल का राजभवन में शपथ ग्रहण होगा। भाजपा के उच्च पदस्थ सूत्रों के मुताबिक मंत्रिमंडल में 26 से 28 सदस्य होंगे। मुख्यमंत्री पद के लिए शिवराज सिंह चौहान और केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर में से किसी एक का नाम फाइनल होगा। 4 सूत्रों के मुताबिक बागियों में से करीब छह बड़े नेता नई सरकार में तुरंत मंत्री बन सकते हैं। इसमें सिंधिया समर्थकों को ज्यादा तवज्जो मिलेगी। इसके बाद छह माह के भीतर ये उपचुनाव में उतरेंगे। गोविंद सिंह राजपूत, एंदल सिंह कंसाना, बिसाहूलाल, तुलसी सिलावट, प्रभुराम चौधरी, महेंद्र सिंह सिसोदिया, प्रद्युम्न तोमर, इमरती देवी और राज्यवर्धन सिंह दत्तीगांव के नाम चर्चा में हैं। सूत्रों का यह भी कहना है कि सिंधिया की भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व से 10 मंत्रियों को बनाए जाने पर बात हुई है। यदि शुरुआत में कम संख्या में मंत्री बनते हैं तो उपचुनाव के बाद मंत्रिमंडल विस्तार में बाकियों को मौका मिलेगा। 5 मध्यप्रदेश के राज्यपाल लालजी टंडन ने विधानसभा अध्यक्ष एनपी प्रजापति से अपेक्षा की है कि जब तक उनके खिलाफ पेश अविश्वास प्रस्ताव पर सदन में निर्णय नहीं लिया जाता है, तब तक वे संविधान, विधानसभा नियमावली एवं नैतिकता के आधार पर प्रत्येक विषय की वैधानिक स्थिति का परीक्षण कर काम करें। राज्यपाल टंडन ने विधानसभा सचिवालय के संबंध में राजभवन को 20 और 21 मार्च को प्राप्त पत्रों के संदर्भ में शनिवार को देर रात एक पत्र लिखा है। 6 इसके पहले शनिवार को देर शाम पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव के नेतृत्व में भाजपा के एक प्रतिनिधिमंडल ने राज्यपाल से मुलाकात कर उन्हें एक पत्र सौंपा हैं, जिसमें आरोप लगाया गया है कि अध्यक्ष प्रजापति पक्षपातपूर्ण व्यवहार करते हुए भाजपा के विधायक शरद कौल से दबाव में लिखवाया गया त्यागपत्र स्वीकार करने का दबाव विधानसभा के अधिकारियों पर डाल रहे हैं। जबकि कौल ने उनका त्यागपत्र स्वीकार होने के पहले 16 मार्च को कथित त्यागपत्र को स्वीकार नहीं करने का अनुरोध विधानसभा सचिवालय से किया था। 7 मध्यप्रदेश में कोरोनावायरस के पॉजिटिव मरीजों की संख्या 6 हो गई है। रविवार को जबलपुर में पांचवें मामले की पुष्टि हुई। यह व्यक्ति दुबई से लौटे उसी व्यापारी के संपर्क में आया था, जिससे तीन लोगों में संक्रमण फैला था। रविवार को भोपाल की प्रोफेसर कॉलोनी में एक लड़की संक्रमित मिली थी। वह पांच दिन पहले ही लंदन से लौटी थी। इससे पहले संक्रमण के 4 मरीज शुक्रवार को जबलपुर में मिले थे। इनमें से तीन एक ही परिवार के थे, जो दुबई से लौटे थे। चौथा मरीज जर्मनी से आया था। सभी मरीजों को आइसोलेशन वार्ड में रखा गया है। 8 भोपाल के राजाभोज एयरपोर्ट पर एयर इंडिया की फ्लाइट से दिल्ली से भोपाल आई एक अन्य लड़की में कोरोना के शुरुआती लक्षण पाए गए हैं। एयरपोर्ट पर तैनात डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे जेपी अस्पताल में भर्ती कराया है। फ्लाइट में उसके आसपास बैठे 6 अन्य यात्रियों को भी आइसोलेट किया गया है। 9 मध्यप्रदेश में भोपाल, जबलपुर, नरसिंहपुर, बालाघाट, सिवनी, रीवा, बैतूल, छिंदवाड़ा और ग्वालियर को लॉकडाउन कर दिया गया है। भोपाल में कोरोना संदिग्ध मिलने के बाद कार्यवाहक मुख्यमंत्री कमलनाथ ने प्रदेश के मुख्य सचिव और डीजीपी से पूरे मामले की जानकारी ली। 10 पीएम मोदी की अपील पर मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल सहित पूरे प्रदेश में जनता कर्फ्यू सफल रहा। शाम के 5 बजते ही पूरे भोपाल शहर में जगह-जगह लोग शंख, घंटी, थाली, से लेकर कटोरा तक बजाते नजर आए। पीएम ने जनता से घर की छत पर, बालकनी में और घर के दरवाजे, खिड़कियों पर आकर ताली, थाली बजाने की अपील की थी। रविवार सुबह से ही पूरे प्रदेश में बंद का जबर्दस्त असर दिखा। भोपाल में बंद के दौरान नगर निगम के कर्मचारी फुटपाथ पर बैठने वाले गरीबों को खाना बांटते नजर आए। इंदौर, ग्वालियर, उज्जैन सहित सभी बड़े शहर बंद रहे।