जबलपुर । जबलपुर के बरेला टोल नाके के पास गुरुवार को एक दिल दहला देने वाला भीषण सड़क हादसा हो गया। यहाँ एक अनियंत्रित और तेज रफ्तार आइसर वाहन ने कार और बाइक को सीधी टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भयानक थी कि बाइक सवार दो युवक आइसर के नीचे फंसकर करीब 200 मीटर तक घसीटते चले गए जिससे मौके पर ही उनकी दर्दनाक मौत हो गई। वहीं कार सवार एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे का भयावह मंजर देखकर मौके पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और घायल को इलाज के लिए अस्पताल भिजवाया। पुलिस ने दोनों मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर मर्ग कायम कर लिया है और घटना के बाद से फरार आरोपी आइसर चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है। लोको रनिंग स्टाफ ने जबलपुर स्टेशन पर किया प्रदर्शन जबलपुर। नई आबकारी नीति में अहातों पर पूर्ण प्रतिबंध के बावजूद शहर में शराब कारोबारियों द्वारा नियम-कायदों को ठेंगा दिखाकर अवैध अहाते संचालित किए जा रहे थे। बीती रात एडिशनल एसपी आयुष जाखड़ के नेतृत्व में पुलिस बल ने ब्लूम चौक और रसल चौक स्थित शराब दुकानों में चल रहे शराब के अड्डों पर अचानक दबिश दी। पुलिस को देखते ही मौके पर भगदड़ मच गई जिसके बाद पुलिस ने घेराबंदी कर 100 से अधिक लोगों को हिरासत में ले लिया। कार्रवाई के दौरान संचालकों की बेखौफ मनमानी भी उजागर हुई। अवैध रूप से चल रहे अहाते में बाकायदा एक पोस्टर लगा था जिस पर लिखा था—बाहर से सामान लाने पर ₹100 जुर्माना लिया जाएगा। खुद नियमों की धज्जियां उड़ाकर अपने ही कायदे चलाने का यह पोस्टर देखकर पुलिस अधिकारी भी हैरान रह गए। एडिशनल एसपी आयुष जाखड़ ने स्पष्ट किया कि सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीना और पिलाना सख्त मना है। उन्होंने चेतावनी दी कि पकड़े गए लोगों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई के साथ-साथ इन अवैध अहातों का संचालन करने वाली शराब दुकानों के लाइसेंस निरस्तीकरण की प्रक्रिया भी की जाएगी। जबलपुर। मदन महल थाना क्षेत्र में गुरुवार सुबह एक ऑटो चालक द्वारा मनिहारी व्यापारी की जेब से 70 हजार साफ करने का मामला सामने आया है। बनखेड़ी निवासी व्यापारी रामकुमार दुकान की खरीदारी के लिए जबलपुर आए थे और मदन महल स्टेशन से बड़े फुहारा जाने के लिए ऑटो में सवार हुए थे। यात्रा के दौरान चालक ने शातिर तरीके से व्यापारी को पहले आगे की सीट पर बैठाया और फिर पीछे शिफ्ट होने को कहा। इसी बीच उसने जेब में रखी 70 हजार की नकदी पार कर दी और बीच रास्ते में व्यापारी को उतारकर ऑटो लेकर फरार हो गया। ऑटो जाने के बाद जब रामकुमार ने जेब टटोली तो रकम गायब मिली जिसके बाद उन्होंने मदन महल थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस पीड़ित की शिकायत पर मामला दर्ज कर आसपास लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि आरोपी ऑटो चालक की पहचान कर उसे गिरफ्तार किया जा सके। जबलपुर । मुख्य रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर एक पर ऑल इंडिया लोको रनिंग स्टाफ एसोसिएशन ने लोको रनिंग स्टाफ कैडर की प्रस्तावित रिस्ट्रक्चरिंग और अन्य लंबित मांगों को लेकर लॉबी प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन के बाद सभी ब्रांच सेक्रेटरी रेलवे बोर्ड के चेयरमैन एवं सीईओ को ज्ञापन भेजकर रनिंग स्टाफ के वेतनमान पदों की प्रतिष्ठा बढ़ते कार्यदबाव और कैडर नियमों में सुधार की मांग करेंगे। एसोसिएशन का कहना है कि बीते 20 वर्षों में हर पे कमीशन के बाद लोको रनिंग स्टाफ के वेतन और भत्तों में तुलनात्मक रूप से गिरावट आई है। साथ ही लगातार बढ़ते काम के दबाव और तनाव के कारण समय से पहले मेडिकल जांच में अनफिट होने वाले कर्मचारियों की संख्या भी बढ़ रही है। इन्हीं विसंगतियों को दूर करने के लिए एसोसिएशन ने रेलवे बोर्ड के समक्ष अपनी कड़ी आपत्ति दर्ज कराई है। जबलपुर। जिला अधिवक्ता संघ जबलपुर के सत्र 2026-28 के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों एवं कार्यकारिणी सदस्यों का शपथ ग्रहण तथा कार्यभार समर्पण समारोह जिला एवं सत्र न्यायालय प्रांगण में गरिमामयी वातावरण में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय के न्यायमूर्तिगण महाधिवक्ता प्रशांत सिंह तथा प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश कृष्णमूर्ति मिश्रा सहित कई वरिष्ठ न्यायाधिपति व अधिवक्ता मंचासीन रहे। अतिथियों की उपस्थिति में सभी नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई गई। समारोह के दौरान पूर्व सचिव ज्ञान प्रकाश त्रिपाठी ने बीते कार्यकाल की उपलब्धियां बताईं वहीं नवनिर्वाचित सचिव शैलेंद्र सिंह ठाकुर ने शांतिपूर्ण चुनाव संपन्न कराने के लिए चुनाव अधिकारियों का आभार जताया। इस अवसर पर वक्ताओं ने अधिवक्ता है सर्वोपरि के संकल्प को दोहराते हुए कहा कि संघ की वर्तमान और पूर्व कार्यकारिणी एकजुट होकर अधिवक्ताओं के कल्याण अधिकारों की रक्षा और न्याय हित के लिए लगातार कार्य करती रहेगी। जबलपुर। रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय में प्रशासनिक भवन के सामने उस समय स्थिति बेकाबू हो गई जब कर्मचारी संघ के क्रमिक अनशन के दौरान छात्रों और कुलगुरु प्रो. राजेश वर्मा के नजदीकी कर्मचारियों के बीच हिंसक झड़प हो गई। अनशन का समर्थन करने पहुंचे छात्र नेताओं ने कुलगुरु की शैक्षणिक योग्यता और लंबित मामलों का हवाला देते हुए उनके इस्तीफे की मांग को लेकर नारेबाजी शुरू कर दी थी। प्रत्यक्षदर्शियों और वायरल वीडियो के अनुसार कुलगुरु के मौके पर पहुंचते ही तनाव बढ़ गया। बहस के दौरान कुलगुरु समर्थकों ने छात्रों के साथ धक्का-मुक्की और मारपीट की जिसमें एक कर्मचारी छात्र को लात मारता हुआ भी नजर आ रहा है। कैंपस में हुई इस हिंसा के बाद दोनों पक्ष शिकायत दर्ज कराने सिविल लाइन थाने पहुंचे हैं। पुलिस अब वायरल वीडियो के आधार पर पूरे मामले की जांच कर रही है।