भोपाल के मंडीदीप में 54 किलो सोने १ भोपाल के मंडीदीप में 54 किलो सोने नकदी और लग्जरी कारों के साथ 100 करोड़ के घोटाले का पर्दाफाश हुआ है। परिवहन विभाग के अधिकारी सौरभ के घर और परिसर से लोकायुक्त ने यह जब्तियां कीं। उनकी डायरी से खुलासा हुआ कि सीनियर अफसरों के नाम पर हर साल करोड़ों की वसूली की जाती थी। छापे के दौरान सौरभ के घर से हथियार भी मिले हैं।सौरभ के घर के सीसीटीवी फुटेज से उनकी गतिविधियां रिकॉर्ड हुईं जिसमें वह कार की देखरेख करते दिखे। लोकायुक्त की कार्रवाई से जुड़े अधिकारी अब बड़े नेताओं और अफसरों की जांच में जुट गए हैं। इस केस ने पूरे क्षेत्र में हलचल मचा दी है। विस्तृत जांच जारी है। २ एमपीपीएससी अभ्यर्थियों का धरना समाप्त एमपीपीएससी के अभ्यर्थियों ने 90 घंटे के धरने के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से मुलाकात के बाद अपना प्रदर्शन समाप्त कर दिया। इस दौरान अभ्यर्थियों की 4 प्रमुख मांगों पर सहमति बनी। मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया कि 87-13 फॉर्मूले की समस्या का समाधान किया जाएगा। इसके अलावा असिस्टेंट प्रोफेसर भर्ती इंटरव्यू में तेजी लाने इंटरव्यू प्रक्रिया में सुधार और साक्षात्कार में केवल नाम के आधार पर चयन सुनिश्चित करने पर भी सहमति बनी। अभ्यर्थियों के आंदोलन में पहले भूख हड़ताल और फिर आमरण अनशन तक की स्थिति आ गई थी। रविवार सुबह 5 बजे आंदोलनकारियों ने अनशन तोड़ दिया। यह धरना शनिवार रात से शुरू होकर करीब 90 घंटे तक चला। मुख्यमंत्री ने सभी समस्याओं को सुलझाने के लिए ठोस कदम उठाने का वादा किया है। ३ नदियों में बढ़ता प्रदूषण: धार्मिक स्थलों का जल भी दूषित मध्य प्रदेश की नदियों की गुणवत्ता पर पीसीबी की रिपोर्ट में चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं। 89 नदियों के 293 स्थलों पर पानी की जांच की गई जिसमें क्षिप्रा बेतवा और नर्मदा नदियों के धार्मिक स्थलों का पानी भी आचमन लायक नहीं पाया गया। रिपोर्ट के अनुसार नदियों में सबसे अधिक प्रदूषण काठ नदी में मिला जिसे डी-श्रेणी में रखा गया। चंबल क्षिप्रा बेतवा और मंदाकिनी जैसी प्रमुख नदियां भी प्रदूषित पाई गईं। नदियों के पुनर्जीवित करने के लिए 110 नगरीय निकासी योजनाओं पर काम जारी है लेकिन इस प्रक्रिया में तीन साल लग सकते हैं। सरकार ने इन नदियों की सफाई और पुनरुद्धार के लिए परियोजनाएं शुरू की हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि प्रदूषण कम करने के लिए तत्काल उपाय करने होंगे अन्यथा जल संकट और अधिक बढ़ सकता है। ४ भोपाल का मौसम और मावठे का असर भोपाल में तापमान गिरकर 7.9 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया है। प्रदेश के 14 जिलों में तापमान 3.9 से 8.7 डिग्री के बीच दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार अगले 48 घंटे में 8 जिलों में बारिश और 13 जिलों में मावठे की संभावना है। भोपाल में आज कोहरा और बादल छाए रहने का अनुमान है। विदिशा सागर और रायसेन में ठंड का प्रकोप बढ़ने की उम्मीद है। ५ राजा भोज एयरपोर्ट पर डिजिटल यात्रा सुविधा मार्च से राजा भोज एयरपोर्ट पर डिजी यात्रा सुविधा शुरू होने जा रही है। इस तकनीक के तहत यात्री केवल चेहरा स्कैन करवाकर यात्रा कर सकेंगे। पहचान के लिए किसी दस्तावेज़ की जरूरत नहीं होगी। उपकरणों का ऑर्डर दे दिया गया है और जनवरी तक इंस्टॉल का काम पूरा होने की उम्मीद है। यह सुविधा पहले इंदौर एयरपोर्ट पर शुरू हो चुकी है। ६ . हमीदिया के कर्मचारियों की सेवाएं समाप्त हमीदिया अस्पताल के 100 आउटसोर्स कर्मियों को हटाने का नोटिस जारी हुआ है। प्रबंधन का कहना है कि कर्मचारियों की संख्या अनुमोदित से अधिक है। कर्मियों ने वेतन न मिलने और सेवाएं समाप्त करने पर भूख हड़ताल और धरना देने की चेतावनी दी है। अस्पताल में 1600 कर्मियों में से केवल 1400 अनुमोदित हैं। ७ . श्योपुर में कुपोषण में कमी: श्योपुर जिले में कुपोषित बच्चों की संख्या में भारी कमी आई है। सरकार द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार 2020 में जहां 906 बच्चे अति कुपोषित श्रेणी में थे वह संख्या अब घटकर केवल 122 रह गई है। आंगनवाड़ी सेवाओं और पोषण बाड़ी योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन ने इस सुधार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पिछले वर्षों में 80% बच्चों ने आंगनवाड़ी की सेवाओं का लाभ उठाया और 35% घरों में पोषण बाड़ी का चलन बढ़ा। महिला एवं बाल विकास विभाग के प्रयासों से बच्चों के आहार में विविधता आई है। ८ . किसानों को दिया गया ज़हर: पीथमपुर में किसानों ने अपनी जमीन सरकार को दी लेकिन यूनियन कार्बाइड का जहरीला कचरा वहां जलाया गया। कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने आरोप लगाया कि इस कचरे से स्थानीय लोग और किसान प्रभावित हो रहे हैं। लगभग 10 टन कचरा जलाए जाने के बावजूद 8 किलोमीटर तक इसका दूष्प्रभाव देखा गया। ९ टैक्स चोरी में गिरावट: मध्य प्रदेश में टैक्स चोरी के मामलों में कमी आई है। 2023-24 में 827 मामले सामने आए जबकि पिछले वर्ष यह संख्या 1388 थी। राज्य सरकार ने सख्त कार्रवाई करते हुए अब तक 566 करोड़ रुपये कर और पेनल्टी वसूली है। बिना ई-बिल के माल परिवहन के मामलों में भी नियंत्रण दिखा।