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अंतर्राष्ट्रीय
09-Oct-2026

व्यापारियों का उत्पीड़न नहीं करेगा जीएसटी विभाग मंडी शुल्क पर भी होगा पुनर्विचार: मुख्यमंत्री धामी हल्द्वानी में प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के वार्षिक सम्मेलन में पहुंचे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने व्यापारियों के हित में कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। मुख्यमंत्री ने आश्वस्त किया कि जीएसटी विभाग व्यापारियों का उत्पीड़न नहीं करेगा। साथ ही मंडी शुल्क के मुद्दे पर भी दोबारा विचार किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश के व्यापारियों की समस्याओं के समाधान और व्यापारिक गतिविधियों को सुगम बनाने के लिए सरकार गंभीरता से काम कर रही है सम्मेलन के दौरान मुख्यमंत्री ने आपदा की स्थिति में व्यापारियों को सहायता उपलब्ध कराने की बात कही। इसके अलावा चारधाम यात्रा मार्ग पर यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए नए पार्किंग स्थल विकसित किए जाएंगे। कैंची बाईपास से जाम की समस्या के समाधान की दिशा में भी कदम उठाए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने कैंची धाम में पर्यटकों की बढ़ती संख्या को नियंत्रित एवं व्यवस्थित करने के लिए सरकार की ओर से प्रभावी व्यवस्था किए जाने की बात कही वही सम्मेलन में प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के प्रदेश अध्यक्ष नवीन वर्मा ने मुख्यमंत्री के समक्ष व्यापारियों की विभिन्न समस्याओं और मांगों को रखा। इनमें जीएसटी विभाग से संबंधित शिकायतें मंडी शुल्क आपदा के दौरान व्यापारियों को होने वाले नुकसान तथा यातायात और पार्किंग जैसी समस्याओं को उठाया। उत्तराखंडमें इस वर्ष चारधाम यात्रा ने आस्था के सभी पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। अब तक लगभग 56 लाख श्रद्धालु चारों धामों के दर्शन कर चुके हैं जिनमें से अकेले बदरीनाथ और केदारनाथ धाम में 36 लाख भक्त पहुंचे हैं। बदरी-केदार मंदिर समिति (BKTC) के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने बताया कि सरकार और प्रशासन के बेहतर प्रबंधन के कारण मॉनसून के बाद भी श्रद्धालुओं में जबरदस्त उत्साह बना हुआ है। अभी यात्रा के करीब डेढ़ माह शेष हैं जिससे इस आंकड़े में और इजाफा होने की उम्मीद है।  उत्तराखंड में चुनाव जैसे-जैसे करीब आ रहा है वैसे-वैसे विधानसभा सीटों पर सियासी हलचल भी तेज होती जा रही है। खासतौर पर कांग्रेस के गढ़ माने जाने वाले चकराता विधानसभा क्षेत्र में बीजेपी की सक्रियता को लेकर राजनीतिक चर्चाएं तेज हैं। कैबिनेट मंत्री खजान दास की चकराता विधानसभा क्षेत्र में बढ़ती आवाजाही को लेकर उनके यहां से चुनावी मैदान में उतरने की अटकलें भी सियासी गलियारों में तैर रही हैं। हालांकि बीजेपी की ओर से इसे लेकर कोई आधिकारिक ऐलान नहीं हुआ है। इसी बीच विकासनगर विधायक मुन्ना सिंह चौहान ने खजान दास की चकराता में सक्रियता को लेकर बड़ा बयान दिया है। देहरादून में सिंचाई विभाग की समीक्षा बैठक में सिंचाई मंत्री सतपाल महाराज ने लंबित और विलंबित परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को सिंचाई विभाग के अधीन पुलों के नीचे बेहतर चैनलाइजेशन करने और किसानों को पर्याप्त सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने के लिए जरूरी कदम तत्काल उठाने के निर्देश दिए।यमुना कॉलोनी स्थित लोनिवि सभागार में हुई बैठक में सिंचाई मंत्री सतपाल महाराज ने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि 5 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाली योजनाओं में थर्ड पार्टी गुणवत्ता परीक्षण की व्यवस्था की जाए। साथ ही सभी नहरों की टेल फीडिंग सुनिश्चित करने और बजट का निर्धारित मानकों के अनुरूप उपयोग करने के निर्देश दिए। सतपाल महाराज ने जलाशयों और बैराजों की स्थिति जल प्रबंधन और प्रमुख संस्थाओं की लगातार निगरानी करने को भी कहा। उन्होंने बताया कि आपदा से क्षतिग्रस्त चमोली और थराली के 24 कार्यों के लिए 1076 करोड़ रुपये जबकि सात योजनाओं के लिए 774 करोड़ 33 लाख रुपये और कुंभ कार्यों के लिए 98 करोड़ रुपये के बजट की मांग की गई है। उत्तराखंड के पशुपालन मंत्री सौरभ बहुगुणा ने पशुपालन विभाग और भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (ITBP) के बीच हुए समझौते को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि सीमांत और दुर्गम क्षेत्रों के पशुपालकों को सशक्त बनाने तथा पलायन रोकने के उद्देश्य से यह पहल शुरू की गई थी। उत्तराखंड देश का ऐसा पहला राज्य बना जिसने ITBP के साथ इस प्रकार का समझौता किया। ​मंत्री सौरभ बहुगुणा के अनुसार पिछले दो वर्षों में ITBP के साथ लगभग 17.5 करोड़ रुपये का कारोबार हुआ है। ITBP सीधे किसानों पशुपालकों दुग्ध और मत्स्य पालकों से उत्पादों की खरीद करती है। बिना किसी बिचौलिए या कमीशन एजेंट के डीबीटी (DBT) के माध्यम से 48 घंटे के भीतर भुगतान सीधे उनके बैंक खातों में पहुंच जाता है। इससे किसानों और पशुपालकों को तय बाजार मिला है और उनकी आय में सीधी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। देहरादून में लगातार कानून व्यवस्था की धज्जियां उड़ती दिखाई दे रही हैं। इसी एक महीने के अंदर एक के बाद एक कई आपराधिक घटनाएं सामने आ रही हैं। सिर्फ बीते 24 घंटों में ही देहरादून से तीन बड़ी वारदातें सामने आई हैं जिससे कई सवाल खड़े हो रहे हैं। पहली घटना पछवादून के विकासनगर की है जहां पति ने अपनी पत्नी की हत्या कर दी। दूसरी घटना पटेलनगर की है जहां सरेआम युवकों ने दबंगई और मारपीट की जिसका वीडियो भी वायरल हुआ। तीसरी घटना देर रात जिला दून अस्पताल परिसर की है जहां कुछ युवकों ने खुलेआम चापड़ लहराया और डॉक्टरों के साथ बदसलूकी की। इन घटनाओं के बाद विपक्ष ने सत्ता पक्ष को घेरना शुरू कर दिया है और कानून व्यवस्था को लेकर सरकार पर निशाना साधा है। कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता डॉ. प्रतिमा सिंह के अनुसार सम्बन्धित विभाग केवल सरकार के हितों को साधने में व्यस्त है और इसी के कारण अपराधियों के हौसले बुलंद है। वहीं सत्ता पक्ष की ओर से भाजपा प्रदेश प्रवक्ता कमलेश रमन का कहना है कि पुलिस प्रशासन पूरी मुस्तैदी से काम कर रहा है आरोपियों पर कार्रवाई हो रही है