धमतरी जिले के ग्राम अमेठी स्थित बंद रेत खदान से अवैध रेत परिवहन का मामला सामने आया है। ग्रामीणों की सूचना पर खनिज विभाग ने कार्रवाई करते हुए रेत से भरे दो हाईवा वाहनों को जब्त किया है।जानकारी के अनुसार अमेठी की बंद खदान से रात के समय चोरी-छिपे रेत निकाले जाने की शिकायत लगातार मिल रही थी। ग्रामीणों ने इसकी सूचना संबंधित विभाग को दी जिसके बाद अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की।जांच के दौरान हाईवा चालक रेत को भंडारण स्थल से लाना बता रहे थे लेकिन वे रेत परिवहन से संबंधित कोई वैध रॉयल्टी पर्ची या दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके।फिलहाल खनिज विभाग ने दोनों वाहनों को जब्त कर मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि दस्तावेजों की जांच के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। रायगढ़ जिले में महिला पुलिसकर्मियों के स्वास्थ्य सम्मान और कार्यस्थल पर बेहतर सुविधाओं को बढ़ावा देने के उद्देश्य से पुलिस लाइन उर्दना में जिला पुलिस रायगढ़ और आगाज़ – एक नई पहल संस्था के संयुक्त तत्वावधान में मासिक धर्म स्वच्छता प्रबंधन पर जागरूकता कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला में जिला स्वच्छता मिशन की नोडल अधिकारी मोनिका इजारदार ने मासिक धर्म स्वच्छता वैज्ञानिक तथ्यों व्यक्तिगत स्वास्थ्य और सुरक्षित सेनेटरी अपशिष्ट निस्तारण की जानकारी दी। वहीं डीएसपी उन्नति ठाकुर ने महिला पुलिसकर्मियों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने सेनेटरी पैड के सुरक्षित उपयोग और कार्यस्थल पर गरिमा बनाए रखने का संदेश दिया। कार्यक्रम के अंत में सभी महिला पुलिसकर्मियों ने मासिक धर्म स्वच्छता और जागरूकता का संदेश समाज तक पहुंचाने का संकल्प लिया। कार्यशाला में जिले के विभिन्न थानों की महिला पुलिसकर्मियों सहित संस्था के पदाधिकारी भी मौजूद रहे। भारत सरकार के सहकारिता मंत्रालय के गठन के 5 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में 29 जून से 6 जुलाई तक देशभर में सहकारिता सप्ताह मनाया जा रहा है। इसी क्रम में सोमवार को जिला सहकारी बैंक में कार्यक्रम आयोजित किया गया जिसमें सहकारिता मंत्री केदार कश्यप और अपेक्स बैंक के अध्यक्ष केदारनाथ गुप्ता शामिल हुए।मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि प्रधानमंत्री के आह्वान पर देशभर के सहकारी बैंकों में सहकारिता सप्ताह के तहत विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि इसी श्रृंखला में 3 और 4 जुलाई को रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषि मंडपम ऑडिटोरियम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में राज्य स्तरीय कार्यक्रम आयोजित होगा। राजधानी रायपुर के माना क्षेत्र स्थित नकटी गांव में प्रस्तावित विधायक कॉलोनी के निर्माण के लिए प्रशासन ने बड़े पैमाने पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की। भारी पुलिस बल की मौजूदगी में करीब 80 मकानों को हटाया गया जिनमें प्रधानमंत्री आवास योजना और इंदिरा आवास योजना के तहत बने 32 मकान भी शामिल बताए गए। कार्रवाई के दौरान ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन किया और कुछ स्थानों पर पुलिस व प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का-मुक्की भी हुई। इस कार्रवाई पर कांग्रेस के पूर्व संसदीय सचिव एवं विधायक विकास उपाध्याय ने सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि वर्षों से बसे लोगों को हटाकर विधायकों के आवास बनाना गरीबों के साथ अन्याय है। उनका कहना था कि नया रायपुर में सैकड़ों एकड़ खाली जमीन उपलब्ध है जहां विधायक कॉलोनी बनाई जा सकती थी। उन्होंने इस कार्रवाई को गरीबों के प्रति अत्याचार बताते हुए इसकी निंदा की। भगवान राम के ननिहाल कहे जाने वाले छत्तीसगढ़ के चंद्रखुरी स्थित कौशल्या धाम में नई भगवान राम की प्रतिमा चार महीने बाद भी स्थापित नहीं हो सकी है। फरवरी में ग्वालियर से लाई गई प्रतिमा फिलहाल तिरपाल से ढंककर रखी हुई है राम वन पथ गमन पर्यटन परिपथ के तहत विकसित कौशल्या धाम में पहले लगी 51 फीट ऊंची प्रतिमा के डिज़ाइन पर आपत्ति के बाद नई प्रतिमा लगाने का फैसला लिया गया था। हालांकि अब तक स्थापना नहीं होने पर मामला राजनीतिक रंग भी ले चुका है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज ने सरकार पर भगवान राम के नाम पर राजनीति करने का आरोप लगाया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रदेशवासियों को कबीर जयंती की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में सद्गुरु कबीर साहब के बड़ी संख्या में अनुयायी हैं और उनके विचार आज भी समाज को सत्य समानता और सद्भाव का संदेश देते हैं। मुख्यमंत्री ने कबीर जयंती के अवसर पर सोनपैरी स्थित असंग देव कबीर आश्रम में आयोजित समारोह में कर्नाटक के राज्यपाल थावरचंद गहलोत और छत्तीसगढ़ विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह के साथ सहभागिता की। छत्तीसगढ़ सरकार ने बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत देते हुए मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना की अवधि तीन महीने बढ़ाने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों के कई उपभोक्ता अब तक इस योजना का लाभ नहीं ले पाए हैं। ग्रामीणों की मांग को देखते हुए योजना की अवधि बढ़ाई गई है ताकि सभी पात्र उपभोक्ता इसका लाभ उठा सकें और कोई भी इस सुविधा से वंचित न रहे।