7 साल बाद घर लौटा बालाघाट का प्रसन्नजीत पाकिस्तान की जेल से रिहा यूजीसी के नए नियम का सकल सामान्य समाज ने जताया विरोध रैली निकालकर सौंपा ज्ञापन पशु चिकित्सा विभाग में डॉ. घनश्याम परते ने लिया उप संचालक का पदभार बालाघाट जिले के प्रसन्नजीत रंगारी सात साल बाद पाकिस्तान की जेल से रिहा हो गया है। पाकिस्तान में वह सुनील अदे के नाम से बंद था। 31 जनवरी को पाकिस्तान ने 7 भारतीय कैदियों को रिहा किया जिनमें 6 पंजाब और 1 मध्यप्रदेश से था। रिहाई की सूचना 1 फरवरी को खैरलांजी थाने से परिजनों को मिली। फिलहाल प्रसन्नजीत अमृतसर स्थित रेड क्रॉस भवन और गुरु नानक देव अस्पताल में है जहां उसकी जिम्मेदारी एएसआई जसविंदर सिंह के पास है। प्रसन्नजीत 2017-18 में लापता हुआ था और 2019 में पाकिस्तान के बाटापुर से हिरासत में लिया गया था। उसकी रिहाई के लिए बहन संघमित्रा ने लगातार प्रयास किए। रिहाई की खुशी के बीच परिवार को दुख भी है क्योंकि बेटे के इंतजार में पिता का निधन हो चुका है। अब मां-बेटे के मिलन का इंतजार है। यूजीसी के नए नियम के खिलाफ बालाघाट में सकल सामान्य समाज ने मोर्चा खोल दिया है। सोमवार को शहर में बाइक रैली निकालकर विरोध जताया। राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपकर नए अध्यादेश को तत्काल वापस लिए जाने की मांग की है सकल सामान्य वर्ग के प्रतिनिधियों ने बताया कि इन नियमों का उद्देश्य उच्च शिक्षा में जातिगत भेदभाव को रोकना है। लेकिन इसके प्रावधान काफी दोषपूर्ण है। सामान्य वर्ग के प्रति भेदभाव पूर्ण है सुरक्षा की अनदेखी की हो रही है। झूठी शिकायतों पर कार्यवाही का अभाव है। इतना ही नहीं दो वर्ष के लिए गठित की जाने वाले समानता समिति में सामान्य वर्ग के प्रतिनिधित्व की उपेक्षा की गई है प्रतिनिधियों ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार इस नियम को वापस नहीं लेती है तो आने वाले दिनों में और भी उग्र आंदोलन किया जाएगा। बिरसा थाना क्षेत्र के मानेगांव निवासी छात्र रंजित भलवे को अज्ञात वाहन ने ठोकर मार दी थी। घटना में वह गंभीर रुप से घायल हो गया। स्थानीय लोगों ने उसे तत्काल ही सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां से प्राथमिक उपचार के बाद उसे बालाघाट रेफर कर दिया गया था। बालाघाट के एक निजी अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद उसे गोंदिया रेफर किया गया था जहां उसकी मौत हो गई मृतक के बड़े भाई खेमलाल भलवे ने बताया कि रंजित भलवे मलाजखंड कॉलेज में पढ़ाई करता था। एक चौपहिया वाहन की ठोकर से वह गंभीर रुप से घायल हो गया। जिसकी उपचार के दौरान मौत हो गई। बालाघाट. किरनापुर थाना क्षेत्र के ग्राम कोकना निवासी कृषक दिलीप ठाकरे कीटनाशक दवा के संपर्क में आ गया। जिसकी जिला अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। अस्पताल चौकी पुलिस ने पंचनामा कार्य कर शव का पीएम कराकर परिजनों को सौंप दिया कोकना निवासी ग्रामीण राम ठाकरे ने बताया कि दिलीप ठाकरे खेत में दवा का छिडक़ाव करने गया था। इस दौरान वह उसके संपर्क में आ गया। जिसके कारण उसे उल्टियां होने लगी। घर आकर उसने अपने परिजनों को इसकी जानकारी दी। परिजनों ने उसे किरनापुर अस्पताल में भर्ती कराया। जहां से उसे बेहतर उपचार के लिए जिला चिकित्सालय रेफर किया गया था। जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। वरिष्ठ पशु चिकित्सक डॉ. घनश्याम परते ने सोमवार २ फरवरी को पशु चिकित्सा विभाग में उप संचालक का पदभार ग्रहण किया है। इस दौरान उन्होंने पत्रकारों से चर्चा में बताया कि हमारा जिला किसान व पशुपालकों का प्रमुख जिला है। मेरी पहली प्राथमिकता रहेगी कि पशुपालकों को शासन की योजनाओं का अधिकाधिक लाभ दिलाया जा सकें। दुग्ध उत्पादन में अपना जिला काफी अच्छा है। पशु पालकों को दुध की अधिक कीमत मिल सकें। शासकीय योजनाओं का कैसे लाभ दिला सकें इसका भी प्रयास किया जाएगा। संयुक्त विभाग पेंशनर संघ बालाघाट की मासिक बैठक २ फरवरी सोमवार को स्थानीय मोती उद्यान में आयोजित हुई। बैठक में संगठन से जुड़े नये सदस्यों द्वारा भी अपनी समस्याओं को रखा गया। जिसे संगठन के पदाधिकारियों ने सुनकर उनका समाधान किये जाने आश्वासित किया गया। इस दौरान संघ के वरिष्ठ सदस्यों ने पेंशन वेतन संशोधन स्वास्थ्य सुविधाएं और सामाजिक सुरक्षा सहित अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की गई। पेंशनर संघ द्वारा अपनी लंबित मांगों को लेकर आगामी समय में मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौंपे जाने रणनीति तैयारी की गई।