प्राइम टाइम

प्राइम टाइम - अटल बिहारी बाजपेयी के नाम को चुनावों के लिए इस्तेमाल कर रही भाजपा

Posted by Divyansh Joshi on



पूर्व प्रधानमंत्री और भाजपा के वरिष्ठ नेता रहे अटल बिहारी वाजपेयी के निधन के बाद अब बीजेपी अपनी चुनावी रणनीति में उनके नाम के भुनाने के मू़ड में आ गई है । भाजपा ने अटल के नाम से कई बडे बदलाव क रही है। इसका ताजा उदाहरण मध्य प्रदेश में देखने मिल रहा है । मध्य प्रदेश में आगामी नवंबर में विधानसभा चुनाव है और पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी बाजपेयी का मध्य प्रदेश से गहरा नाता है इसलिए मध्य प्रदेश में भाजपा उनके नाम को चुनावों के लिए इस्तेमाल करने वाली है । सूत्रो के हवालों से खबर है कि आने वाले विधानसभा चुनाव में बीजेपी अटल के नाम पर चुनाव लड़ने की रणनीति बना रही है. इसके तहत भाषण, कविताएं यहां तक कि कई स्थानों का नामकरण अटल के नाम पर करके लोगों को जोड़ने की भाजपा की योजना है। बीजेपी ने इसके लिए हर जिले, तहसील, ब्लॉक यहां तक की गांव-गांव तक श्रद्धांजलि सभा आयोजित करने जा रही है जिसकी शुरुआत आज से राजधानी भोपाल से हो गई है. यही नहीं, अस्थियों को नर्मदा-क्षिप्रा सहित प्रदेश की सभी प्रमुख नदियों में प्रवाहित किया जाएगा.बीजेपी ने इसके लिए हर जिले, तहसील, ब्लॉक यहां तक की गांव-गांव तक श्रद्धांजलि सभा आयोजित करने वाली है. यही वजह है कि अटल बिहारी वाजपेयी के निधन के बाद मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने रेलवे स्टेशन, स्मार्ट सिटी, ग्लोबल स्किल पार्क, श्रमोदय विद्यालय और विदिशा में शुरू हो रहे मेडिकल कॉलेज का नाम भी अटल बिहारी वाजपेयी के नाम पर रखा जाएगा. यही नहीं, अस्थियों को नर्मदा-क्षिप्रा सहित प्रदेश की सभी प्रमुख नदियों में प्रवाहित किया जाएगा.वहीं, बीजेपी की श्अटलश् योजना ने कांग्रेस की नींद उड़ा रखी है. कांग्रेस नेताओं का कहना है कि शिवराज सरकार अब तक प्रदेश में सत्ता विरोधी लहर झेल रही थी, लेकिन अब अटल के नाम पर वो वोट भुनाने में लगी है.कांग्रेस का कहना है कि अटल पिछले 9 साल से बीमार थे, लेकिन किसी ने उनकी सुध नहीं ली. अब जब चुनाव आ रहे हैं तो उसका फायदा बीजेपी उठा रही है. अब देखना होगा की आने वाले समय में भाजपा दीनदयाल उपाध्याय राजमाता विजयाराजे सिंधिया और पूर्व पीएम अटल बिहारी बाजपेयी के नाम में कितने वोट साध सकती ह